समाजसेवी जब गीतकार बन गइलन

मलाड पश्चिम के गाँधी विचार मंच के अध्यक्ष मनमोहन गुप्ता जानल मानल व्यवसायी आ समाजसेवी हउवन, बाकिर कमे लोग ई जानत होखी कि ऊ लेखक आ कविओ हउवन. उनकर लिखत कविता कागज के तीन टुकड़े आ मनमोहिनी प्रकाशित हो चुकल बाड़ी सँ.

हाल में एगो संगीत कंपनी वीकॉन म्यूजिक एंड इंटरटेनमेंट एगो भक्ति संगीत के अलबम “माता ने बुलाया है” मनोज तिवारी मृदुल का आवाज में जारी कइलसि जवना में दस गो गीत बा आ एगो गीत, “जो रूठे तो रूठे”, मनमोहन गुप्ता के लिखल बा.

मनमोहन गुप्ता कहेलन कि जे दुनिया के नजदीक से देख आ समुझ सके ऊ कविता लिख सकेला. जे हँसी आ दुख समूझेला ओकरा के गीतकार बने से केहु रोक ना पाई. कहलन कि भगवान के आशीर्वाद आ अपना मेहनत से उनुका ई सौभाग्य मिलल बा कि मनोज तिवारी उनुका लिखल गीत गा के उनुका के गीतकार बना दिहलें.


(स्रोत – संजय शर्मा, खजाना विजन)

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