रामरक्षा मिश्र विमल के डायरी (14.10.2013)
आजु विजयादशमी ह आ हमार प्रिय मित्र डॉ. विजय प्रकाश एह घरी अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ कर रहल बाड़े. मन भरल रहल हा. बाकिर एगो पुरान डायरी पलटत खा उनकर कुछ एसएमएस मिलल बा. मन फेरु चुलबुल हो उटल. फेरु ऊहे मिजाज,ऊहे अंदाज. 02.10.2006...
Read More