साल: 2014

मनोज तिवारी, रिंकू घोष आ निर्देशक असलम शेख फेरू एक संगे

भोजपुरी सिनेमा के हिट तिकड़ी मेगास्टार मनोज तिवारी, नंबर वन अभिनेत्री रिंकू घोष आ मशहूर निर्देशक असलम शेख, एक बेर फेरू जुटल बाड़ें हंगामा मचावे. एह तिकड़ी के फिलिम “औरत खिलौना नहीं” के शूटिंग बिहार के बक्सर, सीतामढ़ी आ...

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आम आदमी के सबूर के अति ह ‘बेताब’ – अजय कुमार झा

जब कवनो आम परिवार के सीधा साधा प्रतिष्ठित आदमी कवनो मजबूरी में आपन मान आ विवेक तज देला त ओकरा से बड़ गुण्डा केहू ना होखे. इ कहना ह अपना फिलिम के कहानी ले के निर्देशक अजय कुमार झा के. उ बतियावत रहलें पिछला दिने रिलीज भइल अपना...

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फाग गीत २

-डॉ. रामरक्षा मिश्र विमल फागुन के आसे होखे लहलह बिरवाई. डर ना लागी बाबा के नवकी बकुली से अङना दमकी बबुनी के नन्हकी टिकुली से कनिया पेन्हि बिअहुती कउआ के उचराई. बुढ़वो जोबन राग अलापी ली अङड़ाई चशमो के ऊपर भउजी काजर लगवाई बुनिया...

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फाग गीत १

-डॉ. रामरक्षा मिश्र विमल लागेला रस में बोथाइल परनवा ढरकावे घइली पिरितिया के फाग रे. धरती लुटावेली अँजुरी से सोनवा बरिसावे अमिरित गगनवा से चनवा इठलाले पाके जवानी अँजोरिया गावेला पात पात प्रीत के बिहाग रे. पियरी पहिरि झूमे सरसो...

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फगुआ के सांस्कृतिक रंग में सेंधमारी

-डॉ. रामरक्षा मिश्र विमल फगुआ कहीं भा होली, ई बसंतोत्सव हउवे. बसंत जब चढ़ जाला त उतरेला कहाँ ? एहीसे त होली के रंगोत्सव के रूप में मनावल जाला. प्रकृतियो हमनी के साथ देले. नु ठंढा नु गर्मी, का मनभावन मौसम होला ! रंगन के महफिल में...

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