Tag: भोजपुरी

आन्हर कुकुर बतासे भूंके

– जयशंकर प्रसाद द्विवेदी टीभी के परिचरिचा देखs अस लागे, गोंइठा घी सोखे। आन्हर कुकुर बतासे भूंके।। मिलत जुलत सभही गरियावत पगुरी करत सभे भरमावत पुतरी नचावत मुँह बिरावत एहनिन के अब मुँह के रोके। आन्हर कुकुर बतासे भूंके।। छऊँक...

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यूपी चुनाव में भोजपुरी ला संवैधानिक मान्यता के मुद्दा

भोजपुरी समाज, दिल्ली का तरफ से बोलावल एगो अनौपचारिक मुलाकात में भोजपुरी भाषी सांसदन आ पत्रकार लोग जुटल. एह मुलाकात से राय निकलल कि यूपी विधानसभा के अगिला बरीस होखे जात चुनाव में मुद्दा बनवला क जरुरत बा. बइठक में भोजपुरी समाज,...

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आरा गान

– शिवानन्द मिश्र रामजी के प्यारा ह, कृष्ण के दुलारा ह, बाबा विसवामीतर के आंखी के तारा ह। बोले में खारा ह, तनीकी अवारा ह, गंगाजी के धारा के नीछछ किनारा ह। गौतमदुआरा ह, भोज के भंडारा ह, सोन्ह गमकेला जइसे दही में के बारा ह।...

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बंगाली गायिका पुष्पलता अब भोजपुरी में

कलाकार के भीतर छुपे हुए हुनर को लोगो तक पहुचने में देर बिलकुल नहीं लगती. इसका सीधा साधा उदाहरण है गायिका पुष्पलता, जिन्होंने अपनी सुरीली आवाज़ में कई मधुर गीत लोगो के मनोरंजन के लिये गा चुकी हैं! कोलकाता की रहनेवाली पुष्पलता की...

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हेराइल आपन गाँव

– जयशंकर प्रसाद द्विवेदी कोइला से पटरी पचरल ले के शीशी घोटल सांझी खानि घरे मे माई ले रगड़ के मुंहो पोछल बा के इहवाँ जे दुलराइल नइखे । माई के झिड़की खातिर माटी मे सउनाइल खाड़ हँसे बाबूजी बबुआ बा भकुयाइल अब्बो ले भुलाइल नइखे ।...

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