“बैर के अंत” के मंचन
– रश्मि प्रियदर्शिनी प्रेमचंद समाज के हर पहलू के जवन सूक्ष्म चित्रण कर गइल बानी, सहज सरल रूप...
Read More– रश्मि प्रियदर्शिनी प्रेमचंद समाज के हर पहलू के जवन सूक्ष्म चित्रण कर गइल बानी, सहज सरल रूप...
Read More– रश्मि प्रियदर्शिनी अँगना-दुअरा एक कs देवेले लोग कहेला माई के गोड़िया में चकरघिन्नी बा दुअरा के बंगली से अँगना के रसोई तक चलत रहेले चलत रहेले परिकरम करे जवन धरती आकास एक दिन उहे गोड़वा टेटाए लागल माई के उमरिया बुझाए...
Read Moreपिछला 15 मई का दिने पूर्वांचल भोजपुरी महासभा का तरफ से हिन्दी भवन, ग़ाज़ियाबाद में एगो भव्य राष्ट्रीय कवि सम्मेलन आयोजित कइल गइल जवना क सफलता देखा दिहलसि कि भोजपुरी के चाहे वाला पूर्वांचले ना देश के हर कोना में भरल बाड़ें. सुनवइयन...
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