Tag: भोजपुरी

बाबूजी सिखवले

– गनेश जी “बागी” बाबूजी सिखवले दुःख सहीहs अपार, कबो ना करीहs बबुआ, केकरो प वार, गलती ना करीहऽ अइसन, पिटे पड़े कपार, दुनिया में कुछु ना रही, रह जाई बस प्यार. बहुते आसान होला, दिल के दुखावल, दोसरा के कइला में,...

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गिरावट

– संतोष कुमार पटेल जब आदमी काठ-पत्थर हो जाला भाव से विचार से हियाव से त ओकरा मुंह के पानी उतर जाला जइसे मुरझा जाला फूल सेरा जाला सूरज दगिया जाला चान राहू के कटला पर डँसला पर जइसे कटेला घटेला चान ओइसहीं आदमी के जिनगी में...

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सुंदर सुभूमि भैया भारत के देसवा से…

– आशुतोष कुमार सिंह सुंदर सुभूमि भैया भारत के देसवा से, मोर प्रान बसे हिम-खोह रे बटोहिया एक द्वार घेरे राम हिम-कोतवलवा से, तीन द्वार सिंधु घहरावे रे बटोहिया. ई गीत के सुनते मन में एगो गजब के आनंद के अनुभूति होखेला. भोजपुरी...

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अन्हरिये बनल रहीत

– अभयकृष्ण त्रिपाठी बढ़िया रहीत दुनिया में अन्हरिये बनल रहीत करिया चेहरा दुनिया से दरकिनार रहीत. याद आवेला जब सारा जग उजियार रहे, सोन चिरईया के नाम जग में बरियार रहे, मुँह में मिश्री आँखिन में आदर भरमार रहे, स्वर्ग से...

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आऊ रे नींदिया नींदरवन से…

– आशुतोष कुमार सिंह पिछला रात हम नीमन से सुत ना पइनी. अंघीए ना लागल. घर से लेके दफ्तर तक के टेंशन हमरा नींद में बाधा उत्पन्न क देले रहे. रात में जब हमरा नींद ना आवत रहे तब हम ई सोचत रहीं कि ऊ दिन केतना नीमन रहे, जब चांद के...

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